सोमवार, 17 अगस्त 2015

आज रहिते बलमुआ मोर।,सुताई लेती साथ में - डॉ. मुकेश पाण्डेय

चमके बिजुरिया रात में
आज रहिते बलमुआ मोर।,सुताई लेती साथ में

पानी पड़े छम-छम आ चमके बदरिया
राजा बिना कांट नियर गड़ेला चुड़िया
तरसेला मन बरसात में
आज रहिते बलमुआ मोर।,सुताई लेती साथ में


सईयां जी के देसे तू चली जा बदरिया
हमरा बलम के ई दिह खबरिया
मन नाही लागे खाना खात में
आज रहिते बलमुआ मोर।,सुताई लेती साथ में


पाण्डेय मुकेश" तोहे किरिया धराईब
मिठी -मिठी बतिया में तोहके पोल्हाईब
जाये ना देहब गुजरात में
आज रहिते बलमुआ मोर।,सुताई लेती साथ में  

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