चुम्मा देके भरमाई -कहलू आवतिया माई
प्यार कईला के इहे सौग़ात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
पहिल के अब छोड़ बात नईखी जा नादान हो
आव खुल के माजा लिंजा भईनी जा जवान हो
का तू चाहतारु बोल-गेट दिलवा के खोल
धोखा ताव पर दिहल ही त घात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
प्यार कईला के इहे सौग़ात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
पहिल के अब छोड़ बात नईखी जा नादान हो
आव खुल के माजा लिंजा भईनी जा जवान हो
का तू चाहतारु बोल-गेट दिलवा के खोल
धोखा ताव पर दिहल ही त घात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
चुपे चोरी चलत रहे भईल खुलेआम हो
तहरे पीछे भईनी हम त दुनिया में बदनाम हो
आदत देखि के तोहार -जिया जरेला हमार
काहे कहेलु तू दिनवा के रात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
करे के नईखे प्यार गोरी त कही द तू साफ हो
चुम्मा एगो पूरा देलू एगो देलू हाफ़ हो
कहे पाण्डेय मुकेश"-इहे बात हरमेश
आख़िर केतना तोहार औक़ात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
करे के नईखे प्यार गोरी त कही द तू साफ हो
चुम्मा एगो पूरा देलू एगो देलू हाफ़ हो
कहे पाण्डेय मुकेश"-इहे बात हरमेश
आख़िर केतना तोहार औक़ात ह
क्षण भर के कवन मुलाक़ात ह
बोल ! काहो ईहे बात ह ?
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